उत्तराखंड
कृषि के क्षेत्र में चमोली का देश में डंका: ‘प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना’ में मिला ‘बेस्ट परफॉर्मेंस जनपद’ का अवार्ड

चमोली –
कृषि के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्यों के लिए जनपद चमोली को राष्ट्रीय स्तर पर गौरवशाली स्थान मिला है। ‘प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना’ के तहत देश भर में बेहतरीन कार्य करने के लिए चमोली को ‘बेस्ट परफॉर्मेंस जनपद’ घोषित कर प्रथम स्थान से नवाजा गया है। नई दिल्ली स्थित भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR) में आयोजित एक भव्य कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने चमोली के मुख्य विकास अधिकारी डॉ अभिषेक त्रिपाठी और मुख्य कृषि अधिकारी जी.पी. तिवारी को प्रशस्ति पत्र और मोमेंटो देकर सम्मानित किया। इस बड़ी उपलब्धि से पूरे जिले में खुशी का माहौल है।
इन मुख्य उपलब्धियों के लिए मिला देश में प्रथम स्थान:
राष्ट्रीय स्तर पर चमोली को प्रथम स्थान मिलने के पीछे कृषि विभाग और स्थानीय किसानों के निम्नलिखित अभिनव प्रयास रहे हैं:
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- जैविक एवं प्राकृतिक खेती: जिले में केमिकल-मुक्त और पारंपरिक जैविक खेती को बड़े पैमाने पर बढ़ावा देना।
- सामुदायिक बीज बैंक: पारंपरिक और स्थानीय बीजों के संरक्षण के लिए कम्युनिटी सीड बैंक की स्थापना।
- सहभागिता आधारित घेरवाड़ (Participatory Fencing): जंगली जानवरों से फसलों की सुरक्षा के लिए ग्रामीणों के सहयोग से किया जा रहा विशेष बाड़बंदी कार्य।

जंगली जानवरों से फसलों को बचाने का ‘चमोली मॉडल’ प्रदेश में पहला:
कृषि विभाग द्वारा वर्तमान में जिले के भीतर लगभग 150 किलोमीटर लंबी सहभागिता आधारित घेरवाड़ (फेंसिंग) पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इससे ग्रामीणों की फसलों को जंगली जानवरों द्वारा पहुंचाए जा रहे नुकसान से पूरी तरह बचाया जा सकेगा।
मुख्य कृषि अधिकारी श्री जी.पी. तिवारी ने बताया कि, “यह पूरे उत्तराखंड राज्य में अपने आप में पहला ऐसा मॉडल है जहां ग्रामीणों की सक्रिय सहभागिता के आधार पर इतनी लंबी घेरवाड़ का काम किया जा रहा है। इस राष्ट्रीय सम्मान से हमारा उत्साह दोगुना हुआ है और आने वाले समय में जिले में कृषि विकास के लिए और भी बेहतरीन कार्य किए जाएंगे।”
जनपद वासियों में खुशी की लहर:
देश के कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भी चमोली जिले के इस मॉडल की सराहना की और उम्मीद जताई कि भविष्य में चमोली कृषि और स्वरोजगार के क्षेत्र में देश के लिए एक रोल मॉडल बनकर उभरेगा। इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर जिले के जन प्रतिनिधियों, किसानों और स्थानीय निवासियों ने कृषि विभाग और जिला प्रशासन को बधाई दी है।



