उत्तराखंड

वायरल फीवर की दस्तक से बढ़ी चिंता, दुर्गम ईरानी और सरतोली गांव पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम

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चमोली –

चमोली जनपद के दूरस्थ गांवों में वायरल फीवर के मामले सामने आने से स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ गई है। ईरानी और सरतोली गांव में ग्रामीणों के बुखार से पीड़ित होने की सूचना पर स्वास्थ्य विभाग ने तत्काल दो स्वास्थ्य टीमें गठित कर प्रभावित क्षेत्रों में भेजीं। सड़क मार्ग बाधित होने के बावजूद स्वास्थ्य कर्मियों ने करीब 7 से 8 किलोमीटर पैदल चलकर गांवों में पहुंचकर स्वास्थ्य शिविर लगाए और ग्रामीणों की जांच की।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजीव सिंह पाल के निर्देशन में आयोजित स्वास्थ्य शिविरों में ईरानी गांव के 80 और सरतोली गांव के 87 लोगों की स्वास्थ्य जांच की गई। दोनों गांवों में कुल 167 ग्रामीणों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। जांच के बाद आवश्यकता के अनुसार ग्रामीणों को निशुल्क दवाइयां उपलब्ध कराई गईं और चिकित्सकीय परामर्श दिया गया।

स्वास्थ्य जांच के दौरान करीब 60 ग्रामीणों में बुखार की शिकायत पाई गई। चिकित्सकीय परीक्षण के बाद इन लोगों को आवश्यक उपचार और दवाइयां दी गईं। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने ग्रामीणों को वायरल फीवर से बचाव के उपायों के साथ-साथ व्यक्तिगत स्वच्छता, साफ-सफाई और समय पर उपचार लेने के संबंध में भी जागरूक किया। शिविर में ग्रामीणों का रक्तचाप भी मापा गया।

सीएमओ डॉ. राजीव सिंह पाल ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग स्थिति पर नजर बनाए हुए है। उन्होंने कहा कि प्रभावित गांवों में स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के साथ ग्रामीणों को बीमारी से बचाव और आवश्यक सावधानियों के प्रति जागरूक किया जा रहा है। ग्रामीणों से किसी भी प्रकार के लक्षण दिखाई देने पर समय पर स्वास्थ्य केंद्र पहुंचकर चिकित्सकीय सलाह लेने की अपील की गई है।

स्वास्थ्य शिविर में सामान्य स्वास्थ्य जांच के साथ बच्चों का टीकाकरण तथा गर्भवती महिलाओं की स्वास्थ्य जांच और टीकाकरण संबंधी सेवाएं भी उपलब्ध कराई गईं। स्वास्थ्य कर्मियों ने ग्रामीणों को नियमित स्वास्थ्य जांच कराने तथा बच्चों और गर्भवती महिलाओं के टीकाकरण को समय पर पूरा कराने के महत्व की जानकारी दी। दुर्गम क्षेत्र में सड़क संपर्क बाधित होने के बावजूद स्वास्थ्य टीमों का पैदल गांव तक पहुंचना ग्रामीणों के लिए राहत भरा रहा। स्वास्थ्य विभाग की इस पहल से ग्रामीणों को उनके गांव में ही जांच, परामर्श और आवश्यक दवाइयां उपलब्ध हो सकीं। स्वास्थ्य टीम में डॉ. कप्तान सिंह पंवार, पूजा, सीएचएम किरण खाती, अंकित, कमला मैखुरी, अनीता नेगी, किरण बिष्ट, मोनिका रौतेला (आशा फैसिलिटेटर), हेमंत पंवार तथा ईरानी और सरतोली गांव की आशा कार्यकर्ता शामिल रहीं।

स्वास्थ्य विभाग अलर्ट, ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह

ईरानी और सरतोली गांव में वायरल फीवर की शिकायतों के बाद स्वास्थ्य विभाग ने निगरानी और उपचार की व्यवस्था तेज कर दी है। विभाग ने ग्रामीणों से बुखार, कमजोरी या अन्य स्वास्थ्य संबंधी लक्षण होने पर इसे नजरअंदाज न करने और तत्काल चिकित्सकीय सलाह लेने की अपील की है।

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