तीन दिवसीय बहुभाषीय कार्यशाला का आयोजन किया गया


के एस असवाल /गौचर
जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान चमोली, गौचर के बहुउद्देशीय सभागार में 18 से 20 सितंबर तक बहुभाषीय प्रार्थना स्थलीय गतिविधि प्रशिक्षण के द्वितीय चरण का आयोजन किया गया । जिसमें जिले के अलग अलग क्षेत्रों के विभिन्न विद्यालयों से आए 20 अध्यापकों एवं 40 छात्र छात्राओं को प्रार्थना स्थलीय अनेक गतिविधियों का प्रशिक्षण दिया गया।
कार्यशाला में हिंदी, गढ़वाली, कुमाउनी के साथ साथ राजस्थानी, कन्नड़, आसमी, संस्कृत जैसी भाषाओं में प्रार्थनाएं और समूह गीत का अभ्यास करवाया गया।तीन दिवसीय कार्यशाला के समापन अवसर पर जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान चमोली, गौचर के प्राचार्य आकाश सारस्वत ने कहा कि प्रार्थना सभा किसी भी विद्यालय का हृदय स्थल होती है , विद्यालय की प्रगति और छवि वहां की प्रार्थना सभा में झलकती है। आकर्षक और लय ताल के साथ आयोजित प्रार्थना न केवल विद्यालय का माहौल बल्कि छात्रों के विकास में भी सकारात्मक परिवर्तन लाता है।
कार्यक्रम समन्वयक योगेंद्र बर्तवाल ने कहा कि यह कार्यशाला चार चरणों में संपन्न होगी , पहली बार इस तरह का अभिनव प्रयोग डायट चमोली द्वारा किया जा रहा है जिसमें बच्चे और अध्यापक एक साथ प्रशिक्षण ले रहे हैं, इन गतिविधियों में छात्र और शिक्षक पूरी रुचि के साथ मुख्य संदर्भदाताओं को पूर्ण सहयोग प्रदान कर रहे हैं।कार्यक्रम में संदर्भदाता के रूप में सुशील राजश्री ,अंकुश शाह, मुकेश टम्टा द्वारा सहयोग प्रदान किया गया l
समापन अवसर पर कार्यक्रम में वरिष्ठ संकाय सदस्य राजेंद्र प्रसाद मैखुरी,कार्यक्रम समन्वयक श्री योगेन्द्र बर्तवाल,डॉ गजपाल राज, श्री गोपाल कपरूवान, डॉ कमलेश मिश्रा, एवं डायट प्रशिक्षु मौजूद रहे, समापन सत्र का संचालन कार्यक्रम समन्वयक योगेंद्र बर्तवाल द्वारा किया गया l



