चमोली –
आमलकी एकादशी देवभूमि उत्तराखंड का एक महत्वपूर्ण पर्व है जिसमें जन सामान्य द्वारा आंवले के वृक्ष का विशेष पूजन किया जाता है। आंवला वृक्ष भारत का एक अत्यंत दिव्य वृक्ष है तथा इसके प्रत्येक भाग में ईश्वर का स्थान माना गया है। धार्मिक महत्व के साथ साथ आंवले के वृक्ष का अद्वितीय सांस्कृतिक एवं प्राकृतिक महत्व भी है। इस वर्ष आमलकी एकादशी व्रत पर्व दिनाँक फरवरी 27, 2026 ( फाल्गुन माह, शुक्ल पक्ष तिथि) को मनाया जायेगा।
अतः सभी सम्मानित क्षेत्रवासियों की पर्यावरण संरक्षण एवं संवर्धन में सक्रिय सहभागिता हेतु दिव्य आंवला वृक्ष के रोपण के लिए, आंवला वृक्ष पौध एवं बीजों का निशुल्क वितरण, पौधारोपण हेतु वन कर्मियों का समर्पित तकनीकी सहयोग, आमलकी एकादशी ( दिनाँक – फरवरी 27, 2026 ) से पापमोचनी एकादशी ( दिनाँक – मार्च 15, 2026 ) के मध्य, नन्दप्रयाग राजि द्वारा किया जाएगा।
निशुल्क पौध एवं बीज, श्री बुद्धि बल्लभ जोशी, संपर्क सूत्र – 8171465133, नंदप्रयाग राजि कार्यालय, नंदप्रयाग से संपर्क कर, प्राप्त की जा सकती है।
विनर्म निवेदन – वृक्षों को वनाग्नि से बचाएं



