राजकीय नर्सिंग कॉलेज गोपेश्वर में एएनएम, जेएनएम व एनपीसीसी की पढ़ाई शुरू हो : राजेन्द्र भंडारी
मेडिकल कॉलेज खोलने का प्रयास रहेगा जारी

गोपेश्वर,-
उत्तराखंड के पूर्व कैबिनेट मंत्री राजेन्द्र सिंह भंडारी ने गोपेश्वर स्थित राजकीय नर्सिंग कॉलेज परिक्षेत्र में एएनएम, जेएनएम के साथ-साथ एनपीसीसी (नर्स प्रैक्टिशनर क्रिटिकल केयर) की शिक्षा व्यवस्था शुरू किए जाने की आवश्यकता पर जोर दिया है। उन्होंने कहा कि जिला मुख्यालय गोपेश्वर को मेडिकल, नर्सिंग और तकनीकी शिक्षा का मजबूत केंद्र बनाने के लिए सभी को मिलकर सकारात्मक पहल करनी होगी।
गोपेश्वर में पत्रकारों से वार्ता करते हुए पूर्व कैबिनेट मंत्री भंडारी ने कहा कि वर्ष 2016 में जनता की मांग पर उनके प्रयासों से गोपेश्वर में राजकीय नर्सिंग कॉलेज की स्थापना हुई, जहां बीएससी नर्सिंग की पढ़ाई प्रारंभ की गई। वर्तमान में यहां एमएससी नर्सिंग की कक्षाएं भी संचालित हो रही हैं, जो क्षेत्र के लिए एक बड़ी उपलब्धि है। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि स्वास्थ्य सेवाओं की बढ़ती जरूरतों को देखते हुए एएनएम और जेएनएम की कक्षाएं भी इसी कॉलेज में शुरू की जाएं, ताकि स्थानीय युवाओं को प्रशिक्षण के बेहतर अवसर मिल सकें।
राजेन्द्र भंडारी ने यह भी कहा कि एनपीसीसी जैसे विशेषीकृत पाठ्यक्रम शुरू होने से जिले में क्रिटिकल केयर से जुड़े प्रशिक्षित नर्सिंग स्टाफ की उपलब्धता बढ़ेगी, जिसका सीधा लाभ जिला अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों को मिलेगा। इससे न केवल स्वास्थ्य सेवाएं मजबूत होंगी, बल्कि युवाओं के लिए रोजगार के नए रास्ते भी खुलेंगे।बदरीनाथ और पूर्व में नन्दप्रयाग विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व कर चुके भंडारी ने सीमांत जनपद चमोली में मेडिकल कॉलेज खोलने की अपनी मांग को दोहराया। उन्होंने कहा कि दूरस्थ और पर्वतीय चमोली जिले में उच्च चिकित्सा शिक्षा संस्थान खुलना बेहद जरूरी है। इससे एक ओर जहां बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध होंगी, वहीं दूसरी ओर पलायन पर भी अंकुश लगेगा। उन्होंने कहा कि पहाड़ की प्रतिभाओं को अपने क्षेत्र में ही शिक्षा और कौशल विकास का अवसर मिलना चाहिए, ताकि वे अपने परिवार, राज्य और राष्ट्र की सेवा में योगदान दे सकें।


